आज, 1 फरवरी 2025 को सीतारमण ने संसद में वित्तीय वर्ष 2025-26 का केंद्रीय बजट पेश किया। यह बजट मध्यम वर्ग, किसानों, महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों, स्टार्टअप्स और बुनियादी ढांचे के विकास पर केंद्रित है। इस बजट में आयकर में राहत, कृषि सुधार, महिला उद्यमिता, स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार, स्टार्टअप्स को बढ़ावा और बिहार के लिए विशेष घोषणाएँ की गई हैं। बिहार में 'मखाना बोर्ड' की स्थापना होगी, जिससे किसानों को सीधा लाभ मिलेगा।आईआईटी पटना का विस्तार किया जाएगा, जिससे उच्च शिक्षा और रिसर्च को बढ़ावा मिलेगा।पटना और बिहटा में नए एयरपोर्ट टर्मिनल बनाए जाएंगे।इस बजट में सरकार ने आम जनता को बड़ी राहत देते हुए आयकर स्लैब में बदलाव किया है।12 लाख रुपये तक की आय पर कोई आयकर नहीं लगेगा।वरिष्ठ नागरिकों के लिए कर कटौती की सीमा 50,000 रुपये से बढ़ाकर 1 लाख रुपये कर दी गई है।टीडीएस (TDS) की सीमा 10 लाख रुपये तक बढ़ा दी गई है।आयकर रिटर्न (ITR) दाखिल करने की समय सीमा बढ़ाकर 4 वर्ष कर दी गई है।किसान क्रेडिट कार्ड की सीमा 3 लाख रुपये से बढ़ाकर 5 लाख रुपये कर दी गई है।प्रधानमंत्री धनधान्य योजना' शुरू की गई, जिससे 1.7 करोड़ किसानों को लाभ मिलेगा।पहली बार स्टार्टअप शुरू करने वाली 5 लाख महिलाओं को 2 करोड़ रुपये तक के ऋण की सुविधा मिलेगी।महिला स्वयं सहायता समूहों को बढ़ावा देने के लिए विशेष पैकेज घोषित किया गया है।36 जीवन रक्षक दवाओं पर पूरी तरह से टैक्स हटा दिया गया है, जिससे कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों की दवाएं सस्ती होंगी।
सभी सरकारी अस्पतालों में कैंसर डे-केयर सेंटर स्थापित किए जाएंगे।बायोटेक और फार्मा कंपनियों को सरकारी सहयोग मिलेगा ताकि वे स्वास्थ्य सेवाओं में नई खोज कर सकें।10,000 करोड़ रुपये के फंड के साथ 'फंड ऑफ फंड्स' योजना की शुरुआत की गई है।स्टार्टअप टैक्स हॉलिडे की अवधि को तीन साल और बढ़ा दिया गया है।रेलवे के लिए 3 लाख करोड़ रुपये का बजट, जिससे नई ट्रेनों और आधुनिक सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा।120 नए गंतव्यों तक क्षेत्रीय संपर्क बढ़ाने के लिए संशोधित उड़ान योजना शुरू होगी।ग्रीनफील्ड और ब्राउनफील्ड हवाई अड्डों का विकास किया जाएगा।पेट्रोल और डीजल पर टैक्स में कोई बदलाव नहीं किया गया।डिजिटल इंडिया मिशन के तहत सरकारी सेवाओं को और आधुनिक बनाया जाएगा।ग्रीन एनर्जी के लिए विशेष कोष बनाया गया है, जिससे सोलर एनर्जी प्रोजेक्ट्स को समर्थन मिलेगा।यह बजट मध्यम वर्ग, किसानों, महिलाओं, स्वास्थ्य सेवाओं और स्टार्टअप्स को आगे बढ़ाने के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाता है। सरकार का लक्ष्य अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाना, रोजगार के अवसर बढ़ाना और सामाजिक कल्याण को प्राथमिकता देना है।