Wednesday 29-Apr-2026

बीएसएफ के शहीद सब-इंस्पेक्टर मोहम्मद इम्तियाज के परिवार को मिला 1 करोड़ रुपये का मुआवजा

बीएसएफ के शहीद सब-इंस्पेक्टर मोहम्मद इम्तियाज के परिवार को मिला 1 करोड़ रुपये का मुआवजा

इंपैक्ट लाइव टीम पटना : जम्मू-कश्मीर के आरएस पुरा सेक्टर में 10 मई 2025 को पाकिस्तानी गोलीबारी में शहीद हुए बीएसएफ सब-इंस्पेक्टर मोहम्मद इम्तियाज के परिवार को स्टेट बैंक ऑफ इंडिया और बीएसएफ द्वारा 1 करोड़ रुपये का दावा स्वीकृत किया गया है। यह राशि शहीद के परिवार को आर्थिक सहायता प्रदान करने के लिए दी गई है, जो बिहार के छपरा जिले के गड़खा थाना क्षेत्र के नारायणपुर गांव में रहता है। इसके अतिरिक्त, बिहार सरकार ने भी शहीद के परिवार को 50 लाख रुपये की सहायता राशि प्रदान की है, जिसमें 29 लाख रुपये मुख्यमंत्री राहत कोष से और 21 लाख रुपये राज्य सरकार की ओर से दिए गए हैं।

मोहम्मद इम्तियाज, जो बीएसएफ में सब-इंस्पेक्टर के पद पर तैनात थे, ऑपरेशन सिंदूर के दौरान जम्मू-कश्मीर के आरएस पुरा सेक्टर में सीमा पर अपनी ड्यूटी निभाते हुए सर्वोच्च बलिदान दिया। 10 मई 2025 को पाकिस्तानी सेना की गोलीबारी में वे शहीद हो गए। उनकी वीरता और देशभक्ति की भावना ने पूरे देश को गौरवान्वित किया है। उनके छोटे भाई, मोहम्मद मुस्तफा, भी बीएसएफ में सब-इंस्पेक्टर हैं और देश की सेवा कर रहे हैं। शहीद के परिवार ने उनके घर का नाम सीमा प्रहरी निवास रखा है, जो उनकी देशभक्ति का प्रतीक है।स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की गड़खा शाखा की टीम ने शहीद मोहम्मद इम्तियाज के पैतृक गांव नारायणपुर में उनके परिवार से मुलाकात की। इस दौरान सभी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी की गईं, और एसबीआई ने परिवार के लिए 1 करोड़ रुपये का दावा स्वीकृत किया। इस राशि को शहीद के परिवार को आर्थिक स्थिरता प्रदान करने के लिए प्रदान किया गया है। यह कदम शहीद के बलिदान के प्रति सम्मान और उनके परिवार के प्रति देश की जिम्मेदारी को दर्शाता है।बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 13 मई 2025 को शहीद के गांव नारायणपुर का दौरा किया और उनके परिवार से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने परिवार को 50 लाख रुपये की सहायता राशि का चेक सौंपा, जिसमें 29 लाख रुपये मुख्यमंत्री राहत कोष से और 21 लाख रुपये बिहार सरकार की ओर से शामिल थे। इसके साथ ही, मुख्यमंत्री ने शहीद के छोटे बेटे, इमदाद रजा, को उनकी योग्यता के आधार पर सरकारी नौकरी देने का वादा किया।मुख्यमंत्री ने शहीद की स्मृति में कई विकास परियोजनाओं की भी घोषणा की। इनमें नारायणपुर में एक शहीद द्वार मॉर्टियर्स गेटवे का निर्माण, चिंतामनगंज पुल से रहमपुर बाजार तक दो किलोमीटर की सड़क का नामकरण शहीद मोहम्मद इम्तियाज के नाम पर, और गांव में एक नया स्वास्थ्य उप-केंद्र स्थापित करने की योजना शामिल है।