नई दिल्ली, इंपैक्ट लाइव टीम।
तीनों सेनाओं की सर्वोच्च कमांडर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने गुरुवार को समुद्र में भारतीय नौसेना की मारक क्षमता का प्रदर्शन देखा। नौसेना के प्रवक्ता ने बताया कि राष्ट्रपति सुबह गोवा में नौसेना वायु स्टेशन आईएनएस हंसा पहुंची। नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश त्रिपाठी और पश्चिमी नौसेना कमान के फ्लैग ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ वाइस एडमिरल संजय जे सिंह ने उनका स्वागत किया। राष्ट्रपति के आगमन पर उन्हें औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया।
इसके बाद राष्ट्रपति स्वदेशी विमानवाहक पोत आईएनएस विक्रांत पर सवार हुई जो नौसेना के अग्रिम पंक्ति के 15 युद्धपोतों और पनडुब्बियों के साथ समुद्र में नौसेना की ताकत के प्रदर्शन के लिए तैयार था। यह मुर्मु की समुद्र में नौसेना के युद्धपोत पर पहली यात्रा थी। राष्ट्रपति को नौसेना की भूमिका, चार्टर और संचालन की अवधारणा के बारे में जानकारी दी गई।
During her 'Day at Sea' onboard India's indigenous aircraft carrier INS Vikrant, President Droupadi Murmu witnessed several naval operations including MiG 29K take-off and landing, missile firing drills from a warship, and also submarine operations. The President also interacted… pic.twitter.com/r5M9kS6FoV
— President of India (@rashtrapatibhvn) November 7, 2024
बाद में राष्ट्रपति ने कई नौसैनिक अभियानों को देखा, जिनमें लड़ाकू विमानों की डेक-आधारित टेक-ऑफ और लैंडिंग, युद्धपोत से मिसाइल फायरिंग अभ्यास, पनडुब्बी संचालन, 30 से अधिक विमानों का फ्लाईपास्ट और युद्धपोतों के पारंपरिक स्टीम-पास्ट के साथ समापन शामिल था। राष्ट्रपति ने दोपहर के भोजन के समय आईएनएस विक्रांत के चालक दल के साथ भी बातचीत की, जिसके बाद बेड़े के लिए उनका संबोधन समुद्र में सभी इकाइयों के लिए प्रसारित किया गया।