नई दिल्ली, इंपैक्ट लाइव टीम।
भारतीय टीम के विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में शुरू में लगातार असफलताओं के कारण उन्हें अपनी क्षमता पर संदेह हो गया था लेकिन कप्तान और कोच के समर्थन से वह मजबूत वापसी करने में सफल रहे। सैमसन ने शुक्रवार को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ पहले टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में 50 गेंद पर 107 रन की शानदार पारी खेली, जिससे भारत ने यह मैच 61 रन से जीता।
दरअसल, दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ पहले टी20 में शतक जड़ने के बाद संजू सैमसन भावुक हो गए। भारतीय पारी के बाद ब्रॉडकास्टर से बातचीत ने अपने शतक पर खुलकर बाात की। संजू ने बताया कि उन्होंने कैसे अर्धशतक को शतक में तब्दील किया। संजू ने कहा कि मैंने इस पल का 10 साल इंतजार किया। उन्होंने कहा कि मैं एक जोन में था और अपने आप ही शॉट लगते जा रहे थे। मैंने शॉट लगने दिए। अगर गेंद हिट करने के लिए है, तो इसके लिए जाएं। एक समय में एक ही गेंद पर फोकस करें और इससे मदद मिलेगी। साउथ अफ्रीका में विकेट का रोल अहम होता है। यहां की पिचों पर एक्सट्रा बाउंस मिलता है। भारत से आने के बाद हमें यहां के विकेट को समझने में थोड़ा टाइम लगा।
संजू सैमसन ने दक्षिण अफ्रीका के गेंदबाजों की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि दक्षित अफ्रीका के गेंदबाजों ने बहुत अच्छी गेंदबाजी की। हमारे गेंदबाज भी उनकी कॉपी करना चाहेंगे। वहीं अपने फॉर्म को लेकर उन्होंने कहा कि गर मैं इसके बारे में ज्यादा सोचूंगा तो भावुक हो जाऊंगा। मैंने इस पल का 10 साल तक इंतजार किया, मैं बहुत खुश हूं और सभी का आभारी हूं। हालांकि, मैं जमीन से जुड़ा रहना चाहता हूं। मैं खेल का आनंद लेना चाहता हूं। 202 रन एक अच्छा स्कोर लग रहा है। अगर हम अपनी 80% क्षमता से भी गेंदबाजी करते हैं तो जीत सकते हैं।