इंपैक्ट लाइव टीम पटना : बिहार में विधानसभा चुनाव जैसे-जैसे नजदीक आ रहे हैं, वैसे-वैसे नीतीश कुमार की अगुवाई वाली सरकार और विपक्षी गठबंधन जनता को लुभाने में जुट गए हैं। इस बीच, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने एक बड़ा कदम उठाते हुए राज्य के सभी घरेलू उपभोक्ताओं को हर महीने 100 यूनिट तक मुफ्त बिजली देने की योजना की घोषणा की है। इस योजना को ऊर्जा विभाग ने तैयार किया है, जिसे वित्त विभाग ने भी मंजूरी दे दी है। अब इसे जल्द ही कैबिनेट में लाया जाएगा, जहां इस पर अंतिम मुहर लगने की उम्मीद है।
ऊर्जा विभाग के प्रस्ताव के अनुसार, बिहार में हर परिवार को हर महीने 100 यूनिट तक बिजली मुफ्त प्रदान की जाएगी। यदि कोई उपभोक्ता 100 यूनिट से अधिक बिजली का उपयोग करता है, तो उसे केवल अतिरिक्त यूनिट के लिए ही भुगतान करना होगा। उदाहरण के तौर पर, अगर किसी परिवार ने 150 यूनिट बिजली खर्च की, तो उसे केवल 50 यूनिट का बिल देना होगा। यह योजना बिहार के लाखों परिवारों की जेब पर सीधा असर डालेगी और हर महीने सैकड़ों रुपये की बचत कराएगी।ऊर्जा विभाग ने इस योजना को लागू करने के लिए व्यापक तैयारी की है। सूत्रों के अनुसार, इस प्रस्ताव को वित्त विभाग ने हरी झंडी दिखा दी है। अब इसे कैबिनेट की मंजूरी के लिए भेजा जाएगा,माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में होने वाली अगली कैबिनेट बैठक में इस योजना को अंतिम रूप दे दिया जाएगा।बिहार में विधानसभा चुनाव 2025 में होने वाले हैं, और नीतीश सरकार की यह घोषणा एक बड़े चुनावी दांव के रूप में देखी जा रही है। हाल ही में सरकार ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन की राशि को 400 रुपये से बढ़ाकर 1,100 रुपये करने का फैसला किया था, जिसके तहत 1.11 करोड़ लाभार्थियों को 1,227.27 करोड़ रुपये की राशि डीबीटी के माध्यम से हस्तांतरित की गई। अब 100 यूनिट मुफ्त बिजली की योजना को भी इसी तरह की लोकलुभावन नीति के रूप में देखा जा रहा है।विपक्षी नेता, खासकर राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के तेजस्वी यादव, ने भी मुफ्त बिजली और अन्य कल्याणकारी योजनाओं की मांग उठाई थी। कुछ लोग इसे तेजस्वी के दबाव में सरकार का कदम मान रहे हैं।
इस योजना के लागू होने से बिहार के गरीब और मध्यम वर्ग के परिवारों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। खासकर ग्रामीण क्षेत्रों में, जहां बिजली बिल का बोझ कई परिवारों के लिए चुनौती बना रहता है, यह योजना वरदान साबित हो सकती है। साथ ही, यह कदम नीतीश सरकार की छवि को और मजबूत करने में मदद कर सकता है, जो पहले से ही सामाजिक कल्याण योजनाओं के लिए जानी जाती है।ऊर्जा विभाग और वित्त विभाग के बीच सहमति बनने के बाद अब सबकी नजरें कैबिनेट की बैठक पर टिकी हैं। माना जा रहा है कि यह योजना जल्द ही लागू हो सकती है, जिससे बिहार के हर परिवार को इसका लाभ मिलेगा। नीतीश सरकार का यह कदम न केवल आर्थिक राहत देगा, बल्कि चुनावी माहौल में भी उनकी स्थिति को मजबूत कर सकता है।