Friday 09-Oct-2026

मिथिला पेंटिंग की शिल्पगुरु गोदावरी देवी का निधन, परिजनों का आरोप- कोई मंत्री या विधायक देखने तक नहीं आया

मिथिला पेंटिंग की शिल्पगुरु गोदावरी देवी का निधन, परिजनों का आरोप- कोई मंत्री या विधायक देखने तक नहीं आया

पटना, इंपैक्ट लाइव टीम।

मिथिला पेंटिंग की शिल्पगुरु मानी जाने वाली गोदावरी दत्त का लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया। पद्मश्री पुरस्कार सम्मानित गोदावरी दत्त 93 साल की थी। परिजनों का आरोप है कि अंतिम समय में गोदावरी दत्त का हालचाल लेने के लिए कोई मंत्री या विधायक तक नहीं आया।

गोदावरी दत्त ने मिथिला पेंटिग को घर से निकालकर देश दुनिया में पहुंचाने में बड़ी भूमिका निभाई। काफी वृद्ध होने के बाद भी वह अपनी पेंटिंग के हुनर से ऐसी पेंटिंग बनाती रहीं कि देखने वाले मंत्रमुग्ध हो जाते हैं। 

गोदावरी दत्त का जन्म एक निम्न मध्यम वर्गीय कायस्थ परिवार में दरभंगा के लहेरियासराय में 1930 में हुआ था। इनका विवाह मधुबनी के रांटी गांव में उपेन्द्र दत्त से हुआ था, जहां से उनकी पेंटिंग्स की यात्रा शुरू हुई। पारिपारिक सूत्रों के अनुसार गोदावरी दत्त बीते एक हफ्ते से कोमा में थीं। बुधवार की दोपहर उनका निधन हो गया।

impact add1

Advertisement

impact add2

Advertisement

impact add5