नई दिल्ली, इंपैक्ट लाइव टीम।
लोकसभा में गुरुवार को वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2024 पर बनी संयुक्त समिति को रिपोर्ट देने की समयावधि बढ़ाने संबंधी प्रस्ताव को ध्वनिमत से पारित कर दिया गया, इसके तहत समिति अब आगामी बजट सत्र तक रिपोर्ट दे सकेगी। समिति के अध्यक्ष जगदम्बिका पाल ने समिति को रिपोर्ट प्रस्तुत करने की समयावधि बजट सत्र, 2025 के अंतिम दिन तक बढ़ाने का प्रस्ताव सदन में रखा, जिसे सदस्यों ने ध्वनिमत से पारित कर दिया। इस पर पीठासीन अधिकारी कृष्ण प्रसाद तेन्नटी ने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी। गौरतलब है कि विपक्षी सदस्यों ने इस विधेयक पर चर्चा करने के लिये और समय देने की लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मिलकर मांग की थी। जेपीसी अब चालू शीतकालीन सत्र से पहले हफ्ते के अंतिम दिन यानी 29 नवंबर की जगह बजट सत्र 2025 के अंतिम दिन अपनी रिपोर्ट सदन में पेश करेगी।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के लोकसभा सदस्य जगदम्बिका पाल की अध्यक्षता में समिति का गठन संसद के पिछले सत्र के दौरान किया गया था। इससे पहले सरकार ने वक्फ कानून में संशोधन के लिये विधेयक पेश किया था, जिस पर कांग्रेस समेत विपक्ष के कई दलों ने गहरी आपत्ति जतायी थी। इसके बाद सदन ने समीक्षा के लिये विधेयक को संयुक्त समिति के पास भेजने का प्रस्ताव किया था।
दिल्ली: वक्फ (संशोधन) विधेयक पर बनी संयुक्त संसदीय समिति (JPC) के अध्यक्ष और भाजपा सांसद जगदंबिका पाल ने कहा, "वक्फ संशोधन विधेयक पर संयुक्त समिति की रिपोर्ट पेश करने के लिए समय को बजट सत्र 2025 के अंतिम वर्ष तक बढ़ा दें।"
— IANS Hindi (@IANSKhabar) November 28, 2024
Source: Sansad TV pic.twitter.com/9UU5fN9Dze
बता दें कि संसद की एक कमिटी वक़्फ़ कानून में बदलाव पर विचार कर रही है। इस कमिटी के चेयरमैन जगदंबिका पाल हैं। बुधवार को मीटिंग में विपक्षी सदस्यों ने हंगामा किया और बहिष्कार किया। उनका आरोप था कि मीटिंग जल्दबाज़ी में की जा रही है। विपक्ष कमिटी का कार्यकाल बढ़ाना चाहता है ताकि क़ानून पर ठीक से विचार हो सके। चेयरमैन ने कार्यकाल बढ़ाने पर सहमति जताई है।