बक्सर, इंपैक्ट लाइव टीम।
बिहार में बक्सर में जिनके कंधों पर लोगों के जीवन बचाने की जिम्मेदारी है, वह खुद शराब के नशे में धुत होकर हंगामा कर रहे हैं। दरअसल, बक्सर जिले के डुमरांव अनुमंडल के रघुनाथपुर में चलने वाला सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में शराब के नशे में धुत डॉक्टर अमित को अस्पताल से उठाकर ले गई। बताया गया है कि सीएचसी के चिकित्सा प्रभारी डॉ. गोपाल कृष्ण यादव व डॉ अमित के बीच कई मुद्दों को लेकर पिछले कई माह से विवाद चल रहा था। शुक्रवार को शराब के नशे में डॉ. अमित चिकित्सा प्रभारी के कक्ष में पहुंचे और फर्जी अटेंडेंस बनाने के लिए दबाव बनाने लगे, लेकिन डॉ गोपाल कृष्ण इसके लिए तैयार नहीं हुए।
इसी बात को लेकर उनका चिकित्सा प्रभारी के साथ विवाद प्रारंभ हो गया जो देखते ही देखते मारपीट में तब्दील हो गया। पुलिस को दिए आवेदन में चिकित्सा प्रभारी डॉ गोपाल कृष्ण यादव ने आरोप लगाया है कि आरोपी चिकित्सक शराब के नशे में ड्यूटी कर रहा था। इसके बाद उसने उनके साथ मारपीट भी की जिससे वह घायल हो गए हैं। मारपीट व विवाद को बढ़ते देख अस्पताल के कर्मियों ने 112 पर डायल कर पुलिस को इसकी सूचना दी। इसके बाद तत्काल ही पुलिस अस्पताल परिसर में पहुंची व विवाद को शांत करते हुए आरोपी चिकित्सक डॉ. अमित की मेडिकल जांच कराई। इसमें 73.9 प्रतिशत शराब का सेवन करने की पुष्टि हुई।
थानाध्यक्ष सुरेश कुमार सिंह ने बताया की प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी के आवेदन पर इस मामले में प्राथमिक दर्ज करने की कार्रवाई की जा रही है। शराब पीने की मेडिकल जांच में पुष्टि होने के बाद आरोपी डॉक्टर डॉ अमित को गिरफ्तार कर लिया गया है। बता दें कि शराब पीकर मारपीट के मामले में गिरफ्तार आरोपी डॉ अमित पहले से ही विवादों के केंद्र में रहे हैं। उस पर कई तरह के आरोप लगाते हुए वरीय अधिकारियों के यहां आवेदन भी दिया गया था। लेकिन आज तक कोई कार्रवाई नहीं हो सकी थी। गौरतलब है कि साल 2016 से ही बिहार में शराबबंदी का कानून लागू है। उसके बाद भी प्रत्येक दिन शराब की बड़ी-बड़ी खेप से लेकर शराबी पकड़े जा रहे हैं। पुलिस लगातार ऐसे लोगों पर कार्रवाई भी कर रही है।