पटना, इंपैक्ट लाइव टीम।
वीआईपी प्रमुख मुकेश सहनी के पिता जीतन सहनी की हत्या के मामले का पुलिस ने बुधवार को खुलासा करते हुए मुख्य आरोपी काजिम अंसारी को गिरफ्तार कर लिया है। दिया है। एसएसपी जगुनाथरड्डी जलारड्डी ने मीडिया को बताया कि सोमवार की देर रात जो घटना हुई उस मामले में मोहम्मद काजिम अंसारी की गिरफ्तारी हुई है। एसएसपी ने बताया कि काजिम ने अपना जुर्म कबूल करते हुए वारदात की विस्तृत जानकारी दी।
एसएसपी जगुनाथरड्डी ने जानकारी देते हुए बताया कि काजिम अंसारी ने जीतन सहनी ने साल 2022 में एक लाख रुपये ब्याज पर लिया था। फिर 2023 में 50 हजार रुपये 4 प्रतिशत के ब्याज पर और लिया। डेढ़ लाख रुपये पर चार फीसदी ब्याज पर जीतन सहनी ने दिए थे। काजिम की कपड़ों की दुकान थी, जो बंद हो गई थी। काजिम ने जीतन से ब्याज को माफ करने को कहा था लेकिन वो राजी नहीं हुए। काजिम ने कर्ज के एवज में जमीन के कागज गिरवी रखे थे, जिन्हें वो लेना चाहता था। इसी को लेकर विवाद हुआ और काजिम ने अपने दोस्तों के साथ मिलकर जीतन सहनी की निर्मम हत्या कर दी थी।
एसएसपी ने बताया कि काजिम ने अन्य साथियों के साथ मिल कर सोमवार की रात 10:30 से 11 बजे के बीच घर की रेकी की। लगभग रात 1:30 बजे अपने साथियों के साथ मिल कर पीछे के दरवाजे से एंट्री की। जीतन सहनी से कहासुनी हुई। कागज मांगे, अलमारी की चाबी मांगी। न देने पर तेजधार हथियार से वार किया। काजिम अपने साथियों के साथ मिलकर लाल अलमारी को लेकर निकला, जिसे बाहर फेंक कर फरार हो गए। एफएसएल की टीम को काजिम के कपड़ों पर खून लगे मिले हैं। बाकी साथियों के नाम बताया है और उनकी तलाश की जा रही है।
गौरतलब है कि मंगलवार की सुबह दरभंगा में वीआईपी प्रमुख मुकेश सहनी के पिता का शव क्षत विक्षत अवस्था में मिला था। बदमाशों ने उनकी निर्मम हत्या कर दी थी। इस हाई प्रोफाइल मर्डर के बाद बिहार की सियासत गरमा गई। नीतीश सरकार विपक्ष के निशाने पर आ गई। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार खुद इस केस को लेकर पुलिस अधिकारी को निर्देश दिए। इस केस की जांच के लिए एसआईटी का गठन किया गया। पुलिस के लिए यह केस चुनौती बनी हुई थी।