पुरुषों में हृदय रोग का खतरा महिलाओं की तुलना में अधिक होता है। हृदय रोग मृत्यु का प्रमुख कारण है, जो हर साल 40 वर्ष से अधिक आयु के लाखों पुरुषों की जान लेता है। मगर अच्छी खबर यह है कि जीवनशैली में कुछ बदलाव करके पुरुष हृदय रोग के खतरे को काफी कम कर सकते हैं और स्वस्थ जीवन जी सकते हैं। विश्व पुरुष सप्ताह के मौके पर हृदय रोगों के उपचार में ख्याति प्राप्त अस्पताल निंती कार्डियक केयर के वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. ओम प्रकाश ने लोगों को हृदय रोग से बचने के लिए विशेष सलाह दी है।
उन्होंने कहा कि हृदय से जुड़ी बीमारियों से बचने के लिए स्वस्थ आहार लें। फलों, सब्जियों, साबुत अनाज और प्रोटीन से भरपूर आहार खाएं। नमक का सेवन कम करें। नियमित रूप से व्यायाम करें। प्रति दिन करीब एक घंटा व्यायाम करें। इस व्यायाम में सबसे ज्यादा कारगर है- तेज चलना, साइकिल चलाना या तैराकी। धूम्रपान हृदय रोग का एक प्रमुख जोखिम कारक है। यदि आप धूम्रपान करते हैं, तो छोड़ने के लिए अपने डॉक्टर से बात करें। इसके अलावा अपना स्वस्थ वजन बनाए रखें। यदि आप अधिक वजन वाले या मोटे हैं, तो कुछ किलोग्राम कम करने से आपके हृदय स्वास्थ्य में सुधार हो सकता है। पुरुषों के लिए अपना वजन संतुलित रखना महिलाओं की तुलना में ज्यादा आसान है। यह भी जरूरी है कि नियमित रूप से अपने बीपी, सुगर की जांच करवाते रहें।
डॉ. प्रकाश का मानना है कि तनाव हृदय की बीमारियों को पैदा करने वाला एक महत्वपूर्ण कारक है। तनाव को कम करने के लिए स्वस्थ तरीके खोजें, जैसे योग या ध्यान। पर्याप्त नींद लें। प्रति रात 7-8 घंटे की नींद लें। अत्यधिक शराब और धूम्रपान के सेवन से बचें। जहां तक बात दिल के दौरे के की है इसके लिए पहले 60 मिनट का समय काफी महत्वपूर्ण होता है। इसे सुनहरा घंटा यानी गोल्डन आवर बोलते हैं। इस स्थिति में मरीज को तुरंत हॉस्पिटल में भर्ती कराना चाहिए, जहां उसका इलाज हो सके।