प्रियंका वाड्रा ने लोकसभा की सदस्यता की शपथ लेने के बाद संसद भवन परिसर में पत्रकारों के सवालों के जवाब में कहा कि लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के साथ वह संविधान को मजबूती प्रदान करने की लड़ाई लड़ती रहेंगी और जनता के मुद्दे संसद में उठाना उनकी प्राथमिकता होगी।
केरल की वायनाड लोकसभा सीट पर हुए उपचुनाव में विजय घोषित कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा ने गुरुवार को लोकसभा की सदस्यता ग्रहण की। लोकसभा की कार्यवाही जैसे ही शुरू हुई अध्यक्ष ओम बिरला ने उनका नाम पुकारा और उन्हें लोकसभा की सदस्यता की शपथ दिलाई गई।
कांग्रेस महासचिव एवं यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (यूडीएफ) की उम्मीदवार प्रियंका गांधी वाड्रा ने शनिवार को केरल के वायनाड लोकसभा सीट के उपचुनाव में 4,08,036 मतों के भारी अंतर से जीत हासिल की। प्रियंका गांधी ने वायनाड की जनता के लिए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर आभार व्यक्त किया है।
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने शनिवार को कहा कि वायनाड से निर्वाचित होने पर एक जन प्रतिनिधि के रूप में उनकी यह पहली यात्रा जरूर होगी, लेकिन एक ‘जन सेनानी’ के तौर पर नहीं क्योंकि लोकतंत्र, न्याय और संविधान में निहित मूल्यों के लिए लड़ना उनके जीवन की बुनियाद रही है।
प्रियंका वाड्रा ने नामांकन दाखिल करने से पहले कलपेट्टा में एक जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि मैंने 1989 से लेकर पिछले 35 सालों तक अपने पिता राजीव गांधी, मां सोनिया गांधी और भाई राहुल गांधी के लिए प्रचार किया है, लेकिन यह पहली बार है कि मैं अपने लिए प्रचार कर रही हूं।
प्रियंका वाड्रा के बुधवार को नामांकन दाखिल करने के मौके पर उनके साथ कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी, पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी भी मौजूद रहेंगे। प्रियंका गांधी के उत्तर प्रदेश की रायबरेली लोकसभा सीट को बरकरार रखने का फैसले के बाद वायनाड सीट रिक्त हो गयी थी।