पटना, इंपैक्ट लाइव टीम।
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी अक्सर बिहार में शराबबंदी को लेकर बयान देते रहते हैं। इस बार मांझी ने कहा है कि हम सभी सफेदपोश रात में शराब पीते हैं लेकिन हमें पुलिस गिरफ्तार नहीं करती है। हमलोग रात में शराब पीते हैं तो हमें नहीं पकड़ा जाता लेकिन गरीब को पकड़ लिया जाता है। मांझी ने आगे कहा कि इस तरह से दोरंग नीति नहीं होनी चाहिए।
जीतन राम मांझी ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को इस विषय पर चिंतन करने की जरूरत है। हम हमेशा कहते रहे हैं कि शराबबंदी कानून में कुछ भी गलत नहीं है। हम सभी ने मिलकर इसको लेकर कानून बनाया था। इसे बुरा क्यों कहेंगे? हालांकि उन्होंने इसके कामकाज पर अनियमित्ता करने का आरोप लगाया है।
#पटना: केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से फिर से शराबबंदी की समीक्षा करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि गरीब लोगों को थोड़ा पीने पर भी जेल भेज दिया जाता है जबकि शराब तस्करों को छोड़ा जा रहा है।@JitanramMajhi @NitishKumar pic.twitter.com/l3Bg1JHTkt
— आकाशवाणी समाचार, पटना (@airnews_patna) September 13, 2024
उन्होंने कहा कि बिहार में गरीब लोग अगर थोड़ी भी शराब पी लेते हैं तो उन्हें जेल भेज दिया जाता है। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि हजारों लाखों लीटर शराब की तस्करी करने वाले रुपए देकर छूट जाते हैं लेकिन गरीब लोग फंस जाते हैं। बता दें कि जिस वक्त मांझी विपक्ष में थे उस समय शराबबंदी को खत्म करने की बात कहते थे। अब महागठबंधन में शामिल हैं और केंद्र में मंत्री हैं, इसके बाद भी कई बार उन्होंने शराबबंदी पर बयान दिया है।