इम्पैक्ट लाइव टीम पटना : बिहार में मानसून का कहर जारी है, और मौसम विभाग ने राज्य के कई जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। गुरुवार को गया, रोहतास और औरंगाबाद में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। इसके अलावा, मौसम विभाग ने ठनका गिरने की संभावना को लेकर भी लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है।
मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिण बिहार में 2 अगस्त तक बादलों की सक्रियता बनी रहेगी, जिसके कारण भारी बारिश की संभावना है। इसके बाद, 3 अगस्त से सीमांचल और चंपारण क्षेत्रों में बारिश का दौर शुरू होने की उम्मीद है। हाल के दिनों में बिहार के कई हिस्सों में लगातार बारिश के कारण नदियाँ उफान पर हैं। विशेष रूप से, भोजपुर जिले में गंगा नदी का जलस्तर बढ़ने से कई इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं।पिछले कुछ दिनों से बिहार के कई जिलों में भारी बारिश ने जनजीवन को प्रभावित किया है। नालंदा में फल्गु नदी के उफान पर होने से बाढ़ जैसे हालात उत्पन्न हो गए हैं। भोजपुर के जवानीया गाँव में गंगा नदी के अतिप्रवाह के कारण कई घर तबाह हो गए हैं, और स्थानीय लोगों ने सरकारी सहायता की कमी की शिकायत की है।मौसम विभाग ने 28 जुलाई को 19 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया था, और 27 जुलाई को तीन जिलों में विशेष चेतावनी दी गई थी। इन अलर्ट्स में लोगों से नदियों और निचले इलाकों से दूर रहने की सलाह दी गई है।
मौसम विभाग ने लोगों से सतर्क रहने और निम्नलिखित सावधानियाँ बरतने की अपील की है:
• नदियों और जलाशयों के पास न जाएँ।
• आकाशीय बिजली (ठनका) से बचने के लिए खुले मैदानों में न रुकें।
• भारी बारिश के दौरान घरों में रहें और अनावश्यक यात्रा से बचें।
• बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सरकारी निर्देशों का पालन करें।बिहार सरकार और स्थानीय प्रशासन ने बाढ़ और भारी बारिश से निपटने के लिए तैयारियाँ शुरू कर दी हैं। आपदा प्रबंधन विभाग को अलर्ट पर रखा गया है, और प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्य शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं। हालांकि, कुछ इलाकों में स्थानीय लोगों ने राहत कार्यों में देरी की शिकायत की है।