इम्पैक्ट लाइव टीम पटना : बिहार में महागठबंधन द्वारा आहूत बिहार बंद और चक्का जाम के दौरान कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने राजद नेता तेजस्वी यादव के साथ मिलकर पटना में एक बड़े विरोध मार्च का नेतृत्व किया। यह प्रदर्शन चुनाव आयोग के विशेष गहन मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान के खिलाफ था। मार्च के बाद राहुल गांधी दिल्ली लौट गए, जबकि मुजफ्फरपुर सहित बिहार के कई हिस्सों में प्रदर्शनकारियों ने सड़क और रेल यातायात को बाधित किया, जिसमें वंदे भारत ट्रेन को भी रोका गया।
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने बुधवार सुबह 10:30 बजे पटना के इनकम टैक्स गोलंबर से मुख्य निर्वाचन कार्यालय तक एक विशाल मार्च का नेतृत्व किया। उनके साथ तेजस्वी यादव, सीपीआई महासचिव डी. राजा, सीपीआई (एमएल) लिबरेशन के दीपंकर भट्टाचार्य, और बिहार कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम मौजूद थे।मार्च के दौरान प्रदर्शनकारियों ने टायर जलाए और महात्मा गांधी सेतु को जाम कर दिया, जिससे पटना में यातायात ठप हो गया। राहुल गांधी ने इस अवसर पर कहा, महाराष्ट्र चुनावों में जिस तरह वोट चोरी हुई, वैसी ही कोशिश बिहार में हो रही है। यह मतदाता सूची पुनरीक्षण लोकतंत्र के खिलाफ एक साजिश है।
महागठबंधन का दावा है कि मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान के तहत गरीबों, दलितों, महादलितों, और प्रवासी मजदूरों के वोटिंग अधिकार छीने जा रहे हैं। तेजस्वी यादव ने इसे चुनाव आयोग की पक्षपाती कार्रवाई करार दिया और कहा, हम बिहार के लोगों के मताधिकार की रक्षा के लिए सड़क से संसद तक लड़ेंगे।मुजफ्फरपुर में महागठबंधन के कार्यकर्ताओं ने रेल और सड़क यातायात को बाधित करने के लिए बड़े पैमाने पर प्रदर्शन किए। खास तौर पर, वंदे भारत ट्रेन को कुछ समय के लिए रोका गया, जिससे यात्रियों को असुविधा हुई। राजद और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने रेलवे ट्रैक पर धरना दिया और नारेबाजी की।
मुजफ्फरपुर में राजद नेता तुलसी राय के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-22) को भी जाम किया। प्रदर्शनकारियों ने टायर जलाए और नरेंद्र मोदी सरकार व चुनाव आयोग के खिलाफ नारे लगाए। स्थानीय पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए हल्का बल प्रयोग किया, लेकिन कोई बड़ा संघर्ष नहीं हुआ।प्रदर्शन और मार्च के बाद राहुल गांधी बुधवार शाम दिल्ली के लिए रवाना हो गए। सूत्रों के अनुसार, वह बिहार में महागठबंधन की रणनीति को मजबूत करने और आगामी विधानसभा चुनाव के लिए समन्वय बढ़ाने के लिए इस दौरे पर आए थे। यह उनका इस साल बिहार का छठा दौरा था।भाजपा सांसद रवि शंकर प्रसाद ने महागठबंधन के प्रदर्शन को हूल्लड़बाजी करार दिया और कहा, मतदाता सूची पुनरीक्षण एक सामान्य प्रक्रिया है। विपक्ष इसे राजनीतिक मुद्दा बनाकर लोगों को गुमराह कर रहा है।मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने स्पष्ट किया कि मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान समयबद्ध है और 30 सितंबर तक अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित होगी। उन्होंने विपक्ष के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि यह प्रक्रिया पारदर्शी और निष्पक्ष है।