पटना: बिहार पहली बार खेलो इंडिया यूथ गेम्स 2025 की मेजबानी करने के लिए पूरी तरह तैयार है। यह प्रतिष्ठित खेल आयोजन, जो भारत सरकार के खेलो इंडिया पहल का हिस्सा है, 4 मई से 15 मई 2025 तक बिहार के पांच शहरों—पटना, गया, राजगीर (नालंदा), भागलपुर, और बेगूसराय में आयोजित होगा। इस आयोजन में देशभर से लगभग 8,500 खिलाड़ी और 1,500 तकनीकी कर्मचारी भाग लेंगे, जो इसे भारत का सबसे बड़ा युवा-केंद्रित मल्टी-स्पोर्ट्स इवेंट बनाता है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 4 मई 2025 को पटना में खेलो इंडिया यूथ गेम्स 2025 का उद्घाटन करेंगे। यह बिहार के लिए गर्व का क्षण होगा, क्योंकि यह आयोजन राज्य में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने और युवा प्रतिभाओं को राष्ट्रीय मंच प्रदान करने का अवसर देगा।14 अप्रैल 2025 को पटना में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने खेलो इंडिया यूथ गेम्स 2025 के आधिकारिक लोगो का अनावरण किया, जबकि केंद्रीय युवा मामले और खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने शुभंकर का अनावरण किया। यह समारोह मुख्यमंत्री सचिवालय में आयोजित किया गया।इस आयोजन में 28 खेल शामिल होंगे, जिनमें ओलंपिक, गैर-ओलंपिक, और स्वदेशी खेल जैसे हॉकी, बॉक्सिंग, भारोत्तोलन, कबड्डी, टेबल टेनिस, खो-खो, फुटबॉल, तलवारबाजी, तीरंदाजी, और बैडमिंटन शामिल हैं। पहली बार ई-स्पोर्ट्स को प्रदर्शनी खेल के रूप में शामिल किया गया है, जो भारतीय गेमिंग उद्योग के लिए एक ऐतिहासिक कदम है।
• पटना: एथलेटिक्स और अन्य प्रमुख स्पर्धाएं।
• भागलपुर: तीरंदाजी (4-7 मई) और बैडमिंटन (10-13 मई)।
• बेगूसराय: कबड्डी और अन्य खेल।
• गया और राजगीर: विभिन्न खेलों की मेजबानी, जिसमें सेपक टाकरा और अन्य स्वदेशी खेल शामिल हैं।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा, खेलो इंडिया यूथ गेम्स 2025 का आयोजन बिहार के लिए एक ऐतिहासिक अवसर है। यह न केवल राज्य में खेल के बुनियादी ढांचे को मजबूत करेगा, बल्कि युवा खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का मंच भी प्रदान करेगा।यह आयोजन बिहार को देश के खेल नक्शे पर एक नया स्थान दिलाएगा। मुख्य सचिव अमृत लाल मीणा ने सभी निर्माण कार्य 25 अप्रैल तक पूरा करने के निर्देश दिए हैं ताकि पांचों स्थानों पर खेल के लिए उपयुक्त माहौल तैयार हो।
पहली बार, ग्रीष्मकालीन ओलंपिक की तर्ज पर खेलो इंडिया पैरा गेम्स भी बिहार में आयोजित किया जाएगा, जो समावेशिता और विविधता को बढ़ावा देगा।सरकार ने घोषणा की है कि खेलो इंडिया आयोजनों में पदक विजेता सरकारी नौकरियों के लिए पात्र होंगे, जिससे युवाओं को खेल को पेशेवर रूप से अपनाने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा।खेलो इंडिया यूथ गेम्स 2025 में ई-स्पोर्ट्स को प्रदर्शनी खेल के रूप में शामिल करना भारतीय गेमिंग उद्योग के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मांडविया की अध्यक्षता में हुई एक उच्च-स्तरीय बैठक में इसकी घोषणा की गई। उद्योग के नेताओं ने इसका स्वागत किया है